लखनऊ में शिवा शर्मा की मौत का मामला उलझा, श्रद्धा दुबे समेत 3 आरोपियों के खिलाफ गैर-जमानती वारंट

लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के हजरतगंज क्षेत्र स्थित अवध ग्रीन अपार्टमेंट में कारोबारी शिवा शर्मा की मौत का मामला लगातार गंभीर होता जा रहा है। 9 अक्टूबर 2026 को चौथी मंजिल से गिरने के बाद 28 वर्षीय शिवा शर्मा की मौत हो गई थी। इस मामले में उनकी मां ने सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर श्रद्धा दुबे और अन्य लोगों पर हत्या समेत गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस अब सीसीटीवी फुटेज, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और दूसरे साक्ष्यों के आधार पर घटना की परिस्थितियों की जांच कर रही है।

श्रद्धा दुबे समेत तीन लोगों के खिलाफ गैर-जमानती वारंट

द टाइम्स ऑफ इंडिया की 17 अक्टूबर की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने श्रद्धा दुबे, उनकी बहन रश्मि दुबे और तनवीर अली उर्फ दानिश के खिलाफ गैर-जमानती वारंट हासिल किए हैं। पुलिस इनकी तलाश में छापेमारी कर रही है और नेपाल पुलिस से भी संपर्क साधा गया है। अधिकारियों के मुताबिक, आरोपियों की तलाश और मामले की कानूनी कार्रवाई आगे बढ़ाई जा रही है। 

पोस्टमार्टम रिपोर्ट में 11 चोटों का उल्लेख

मामले की जांच में पोस्टमार्टम रिपोर्ट भी अहम कड़ी बनी हुई है। द टाइम्स ऑफ इंडिया की 13 अक्टूबर की रिपोर्ट के अनुसार, शिवा के शरीर पर बाहरी चोटों की 11 प्रविष्टियां दर्ज की गईं। रिपोर्ट में फेफड़ों, लिवर और तिल्ली को नुकसान, अंदरूनी रक्तस्राव तथा दाहिनी पेल्विक हड्डी में फ्रैक्चर का भी उल्लेख है। डॉक्टरों ने चोटों के कारण हुए शॉक और रक्तस्राव को मौत की वजह बताया। हालांकि, पोस्टमार्टम रिपोर्ट अपने आप यह साबित नहीं करती कि शिवा को धक्का दिया गया था, वह खुद गिरे थे या घटना किसी अन्य परिस्थिति में हुई। पुलिस इन सभी संभावनाओं की जांच कर रही है। 

मां ने लगाए प्रताड़ना और ब्लैकमेल के आरोप

शिवा की मां रंजना शर्मा ने शिकायत में श्रद्धा दुबे, उनकी बहन और अन्य लोगों पर बेटे को प्रताड़ित करने, धमकाने और ब्लैकमेल करने जैसे आरोप लगाए हैं। इसी शिकायत के आधार पर हजरतगंज थाने में हत्या का मामला दर्ज किया गया। ये आरोप अभी जांच के दायरे में हैं और अदालत में सिद्ध नहीं हुए हैं।

CCTV और दूसरे साक्ष्यों पर पुलिस की नजर

जांच अधिकारी सीसीटीवी फुटेज, गवाहों के बयान और घटनास्थल से जुड़े भौतिक साक्ष्यों का मिलान कर रहे हैं, ताकि घटना से पहले और बाद की गतिविधियों का क्रम समझा जा सके। रिपोर्टों में एक सफेद ऑडी कार और अन्य डिजिटल सामग्री से जुड़े पहलुओं की पड़ताल का भी जिक्र है। हालांकि, किसी वाहन या सामग्री का सामने आना अपने आप किसी व्यक्ति की संलिप्तता साबित नहीं करता।

जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगी सच्चाई

शिवा शर्मा की मौत ने कई गंभीर सवाल खड़े किए हैं। लेकिन रिश्तों को लेकर सामान्य निष्कर्ष निकालने या किसी को दोषी ठहराने के बजाय जरूरी है कि पुलिस जांच के निष्कर्षों और न्यायिक प्रक्रिया का इंतजार किया जाए। फिलहाल मामले में सबसे अहम सवाल यही है कि 9 अक्टूबर की शाम अवध ग्रीन अपार्टमेंट में वास्तव में क्या हुआ था और उपलब्ध साक्ष्य किस निष्कर्ष की ओर इशारा करते हैं।

नोट: यह खबर प्रकाशित मीडिया रिपोर्टों पर आधारित है। आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि और अंतिम निष्कर्ष जांच तथा न्यायिक प्रक्रिया पर निर्भर करेंगे।

0/Post a Comment/Comments