नई नवेली बहू ने पति पर लगाया नपुंसकता छिपाने का आरोप, बोली, ‘पहली पत्नी के जाने की सच्चाई भी मुझसे छिपाई गई’


 इलाके में रहने वाली 26 वर्षीय रिया की शादी को अभी तीन महीने भी पूरे नहीं हुए थे। हाथों की मेहंदी का रंग भले ही उतर चुका था, लेकिन विवाह में पहनी लाल चूड़ियां अब भी उसकी कलाइयों में थीं। सोमवार की सुबह वह उन्हीं चूड़ियों को दुपट्टे से ढककर अपनी मां के साथ एसएसपी कार्यालय पहुंची।

उसके हाथ में एक फाइल थी। इसमें शादी की तस्वीरें, बैंक लेन-देन का विवरण, डॉक्टर की कुछ पुरानी रिपोर्टों की तस्वीरें और ससुराल वालों के साथ हुई बातचीत के स्क्रीनशॉट थे।

अधिकारी के सामने बैठते ही रिया ने कहा, “साहब, मुझसे बहुत बड़ी सच्चाई छिपाकर मेरी शादी कराई गई। जब मैंने सवाल किया तो मुझे ही गलत साबित करने की कोशिश की गई।”

मैट्रिमोनियल वेबसाइट के जरिए आया था रिश्ता

रिया ने अपनी शिकायत में बताया कि उसके पिता एक निजी कंपनी से सेवानिवृत्त कर्मचारी हैं। करीब आठ महीने पहले एक मैट्रिमोनियल वेबसाइट के जरिए उनके पास आरव मल्होत्रा का रिश्ता आया था। आरव के परिवार ने बताया था कि वह गुरुग्राम की एक बड़ी आईटी कंपनी में मैनेजर है और सालाना अच्छा वेतन कमाता है।

दोनों परिवारों के बीच कई वीडियो कॉल हुईं। इसके बाद एक होटल में मुलाकात रखी गई। आरव ने रिया से बहुत कम बातचीत की, लेकिन परिवार वालों ने इसे उसका शर्मीला स्वभाव बताया।

रिया के माता-पिता को परिवार पढ़ा-लिखा और आधुनिक लगा। कुछ ही सप्ताह में रिश्ता पक्का हो गया। सगाई के बाद आरव अक्सर काम का बहाना बनाकर रिया से मिलने से बचता रहा। वह फोन पर भी कुछ ही मिनट बात करता था।

रिया ने जब अपनी मां को इस बारे में बताया तो उन्होंने समझाया, “शादी की तैयारियों और ऑफिस के काम में व्यस्त होगा। विवाह के बाद सब ठीक हो जाएगा।”

शादी के बाद पति बनाने लगा दूरी

शादी धूमधाम से हुई। रिया के परिवार ने अपनी हैसियत से बढ़कर खर्च किया। आरोप है कि विवाह से कुछ दिन पहले वर पक्ष ने महंगी कार और नकदी की मांग भी रखी थी। बेटी की खुशी के लिए परिवार ने कार खरीदने के बजाय करीब दस लाख रुपये देने की बात स्वीकार कर ली।

रिया के अनुसार, शादी की पहली रात आरव ने तबीयत खराब होने की बात कहकर उससे दूरी बना ली। अगले कुछ दिनों तक वह कभी ऑफिस की ऑनलाइन मीटिंग, कभी सिरदर्द और कभी थकान का बहाना बनाता रहा।

शुरुआत में रिया ने उस पर कोई दबाव नहीं डाला। उसे लगा कि नए रिश्ते को समझने में थोड़ा समय लग सकता है। लेकिन कई सप्ताह बीतने के बाद भी पति का व्यवहार नहीं बदला।

जब रिया ने खुलकर बात करने की कोशिश की तो आरव नाराज हो गया। उसने कहा कि निजी मामलों पर सवाल पूछना उसे पसंद नहीं है। इसके बाद वह देर रात तक दूसरे कमरे में मोबाइल चलाता और वहीं सो जाता था।

टैबलेट में मिली पुरानी मेडिकल रिपोर्ट

एक दिन आरव ऑफिस गया हुआ था। घर पर रखे टैबलेट में रिया अपनी शादी की तस्वीरें देख रही थी। तभी क्लाउड स्टोरेज में उसे कुछ पुरानी मेडिकल रिपोर्टें दिखाई दीं। ये रिपोर्टें आरव के विवाह से करीब दो साल पहले की थीं।

रिपोर्ट पढ़कर रिया घबरा गई। उसने तुरंत अपनी डॉक्टर मित्र को फोन किया। मित्र ने रिपोर्ट देखने के बाद बताया कि आरव लंबे समय से एक गंभीर यौन स्वास्थ्य समस्या का इलाज करा रहा था।

रिया ने शिकायत में आरोप लगाया कि यह जानकारी आरव और उसके परिवार को शादी से पहले से थी, लेकिन उससे जानबूझकर छिपाई गई। उसका यह भी कहना है कि समस्या का इलाज संभव हो सकता था, लेकिन पति और उसके परिवार ने सच बताने और इलाज जारी रखने के बजाय धोखे से विवाह करना चुना।

पहली शादी की बात भी सामने आई

रिया के सामने सबसे बड़ा झटका तब आया, जब पड़ोस में रहने वाली एक महिला ने बातचीत के दौरान आरव की पहली शादी का जिक्र कर दिया। परिवार ने रिया को बताया था कि आरव की कभी शादी नहीं हुई।

रिया ने इंटरनेट पर पुराने रिकॉर्ड और सोशल मीडिया प्रोफाइल खंगाले। उसे आरव की कुछ ऐसी तस्वीरें मिलीं जिनमें वह लगभग चार वर्ष पहले किसी दूसरी महिला के साथ वैवाहिक समारोह में दिखाई दे रहा था।

आरोप है कि आरव की पहली पत्नी भी कुछ महीनों बाद उसे छोड़कर चली गई थी। दोनों के बीच कानूनी समझौता हो चुका था, लेकिन इस विवाह और अलगाव की जानकारी रिया के परिवार को नहीं दी गई।

सवाल पूछने पर छीन लिया गया मोबाइल

रिया ने उसी रात पति और सास-ससुर के सामने मेडिकल रिपोर्ट तथा पहली शादी की तस्वीरें रख दीं। पहले तो परिवार ने रिपोर्टों को पुराना और गलत बताया। जब रिया ने डॉक्टर से बात कराने की बात कही तो घर का माहौल बदल गया।

आरोप है कि उसकी सास ने कहा, “घर की बातें बाहर गईं तो तुम्हारे लिए अच्छा नहीं होगा। चुपचाप रहो, समय के साथ सब ठीक हो जाएगा।”

रिया ने अपने माता-पिता को फोन करने की कोशिश की तो उसका मोबाइल छीन लिया गया। उसके साथ धक्का-मुक्की की गई और उसे ऊपर बने एक कमरे में बंद कर दिया गया। कई घंटों तक उसे खाना और पानी भी नहीं दिया गया।

रिया के अनुसार, उसने पुराने लैपटॉप को पड़ोसी के वाई-फाई से जोड़कर अपनी छोटी बहन को ईमेल भेजा। ईमेल पढ़ने के बाद मायके वालों ने स्थानीय पुलिस से संपर्क किया और अगले दिन उसे ससुराल से बाहर निकाला।

समझौते के नाम पर रखी गई शर्त

रिया मायके पहुंची तो आरव के परिवार ने रिश्तेदारों के माध्यम से समझौते का दबाव बनाना शुरू कर दिया। उन्होंने कहा कि रिया वापस आ जाए और मामले को परिवार के भीतर ही सुलझा लिया जाएगा।

लेकिन आरोप है कि इसके बदले उससे एक लिखित बयान देने को कहा गया, जिसमें यह स्वीकार करना था कि पति को कोई स्वास्थ्य समस्या नहीं है और वह अपनी इच्छा से मायके गई थी।

रिया ने बयान देने से मना कर दिया। इसके कुछ दिन बाद आरव अपने माता-पिता और दो रिश्तेदारों के साथ उसके मायके पहुंच गया। वहां दोनों पक्षों के बीच विवाद हुआ। रिया का आरोप है कि उसे जबरन कार में बैठाने की कोशिश की गई। विरोध करने पर उसके पिता को धक्का दिया गया और परिवार को बदनाम करने की धमकी दी गई।

घर के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे में घटना का कुछ हिस्सा रिकॉर्ड हो गया।

थाने में नहीं हुई सुनवाई

रिया का कहना है कि वह उसी शाम स्थानीय थाने पहुंची थी, लेकिन वहां उसकी शिकायत दर्ज नहीं की गई। दोनों परिवारों का घरेलू मामला बताकर उसे समझौता करने की सलाह दी गई।

अगले कई दिनों तक वह थाने के चक्कर लगाती रही। आखिरकार उसने ऑनलाइन माध्यम से एसएसपी कार्यालय में शिकायत भेजी और मिलने का समय मांगा।

सोमवार को रिया अपनी मां तथा एक अधिवक्ता के साथ एसएसपी कार्यालय पहुंची। उसने मेडिकल रिपोर्टों की प्रतियां, डिजिटल चैट, बैंक ट्रांसफर का रिकॉर्ड, पहली शादी से जुड़ी तस्वीरें और मायके के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे की रिकॉर्डिंग पुलिस को सौंपी।

जांच के बाद दर्ज हुआ मामला

वरिष्ठ अधिकारी के निर्देश पर महिला थाने और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने शुरुआती दस्तावेजों की जांच की। इसके बाद आरव, उसके माता-पिता और दो अन्य रिश्तेदारों के खिलाफ धोखाधड़ी, दहेज उत्पीड़न, मारपीट, धमकी देने और महिला को जबरन रोककर रखने के आरोपों में मामला दर्ज किया गया।

पुलिस अधिकारी ने बताया कि शिकायत में लगाए गए सभी आरोपों की निष्पक्ष जांच की जाएगी। मेडिकल दस्तावेजों की सत्यता संबंधित अस्पताल से जांची जाएगी। डिजिटल रिकॉर्ड और सीसीटीवी फुटेज को भी फोरेंसिक परीक्षण के लिए भेजा गया है।

पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य संबंधी किसी समस्या का होना अपने आप में अपराध नहीं है। जांच का मुख्य विषय यह है कि क्या विवाह से पहले महत्वपूर्ण जानकारी और पिछली शादी की बात जानबूझकर छिपाई गई, क्या दहेज के लिए दबाव बनाया गया और क्या विवाहिता के साथ हिंसा की गई।

रिया ने पुलिस से कहा, “बीमारी किसी की गलती नहीं होती। अगर मुझे शादी से पहले सच बताया जाता तो मैं सोच-समझकर निर्णय लेती। मेरी शिकायत बीमारी को लेकर नहीं, बल्कि धोखे, हिंसा और मेरी जिंदगी से खिलवाड़ किए जाने को लेकर है।”

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