ज्योतिष शास्त्र में मंगल और राहु के बीच बनने वाले तनावपूर्ण दृष्टि या युति संबंध को अंगारक प्रभाव के समान अत्यंत उग्र और विनाशकारी माना गया है। मंगल जहां अग्नि, रक्त और जल्दबाजी का प्रतीक है, वहीं राहु भ्रम और अचानक वित्तीय आघात का कारक है। जब ये दोनों ग्रह संवेदनशील भावों पर दबाव बनाते हैं, तो जातक की एक छोटी सी असावधानी भी संचित पूंजी को बहा ले जाती है। आने वाले समय में 3 प्रमुख राशियों (मिथुन, सिंह और कुंभ) के लिए यह चक्र भारी वित्तीय जोखिम और अनचाहे नुकसान की चेतावनी दे रहा है।
इन 3 राशियों की तिजोरी पर मंडरा रहे हैं ये गंभीर खतरे
1. मिथुन राशि (द्वादश व्यय भाव पर मारक दृष्टि, कानूनी व मेडिकल खर्च):
खतरे का क्षेत्र: कार्यक्षेत्र में मशीनरी, वाहन या इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स की अचानक बड़ी खराबी में एकमुश्त मोटी रकम बाहर जा सकती है।
सावधानी: किसी भी अनजान ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट या लुभावने शेयर मार्केट दांव से पूरी तरह दूर रहें।
लकी नंबर: 5 | शुभ रंग: हल्का हरा
2. सिंह राशि (अष्टम भाव पर वक्र दृष्टि, पार्टनरशिप में धोखा और अटका भुगतान):
खतरे का क्षेत्र: जिस क्लाइंट से समय पर बड़ा भुगतान आने की उम्मीद थी, वह हाथ खींच सकता है। बिजनेस पार्टनर के साथ पैसों को लेकर तीखी तकरार हो सकती है।
सावधानी: किसी को बड़ी रकम उधार न दें और न ही किसी नए व्यापारिक सौदे में अतिरिक्त पूंजी फंसाएं।
लकी नंबर: 1 | शुभ रंग: हल्का नारंगी
3. कुंभ राशि (लग्न में राहु और मारक दबाव, सट्टेबाजी व दिखावे में भारी नुकसान):
खतरे का क्षेत्र: सामाजिक दिखावे या जल्दबाजी में लिए गए किसी रिस्की निवेश में भारी घाटा हो सकता है।
सावधानी: बिना कानूनी सलाह के किसी भी एग्रीमेंट पर दस्तखत न करें और अपने बैंक कार्ड्स की लिमिट घटाकर रखें।
लकी नंबर: 8 | शुभ रंग: हल्का स्लेटी
24 घंटे में करने योग्य 1 अचूक रक्षा उपाय
सूखे नारियल और काले तिल का गुप्त जल-प्रवाह:
एक सूखा जटा वाला नारियल लें और उसमें थोड़ा सा छेद करके काले तिल और पिसी हुई शक्कर भर दें।
इस नारियल को अपने सिर से घड़ी की उल्टी दिशा (Anti-Clockwise) में 7 बार उतारें और मन ही मन 'ॐ क्रां क्रीं क्रौं सः भौमाय नमः' तथा 'ॐ रां राहवे नमः' का 11 बार स्मरण करें।
इसके बाद इसे किसी बहते जल में प्रवाहित कर दें या चुपचाप पीपल के पेड़ की जड़ के पास रख आएं। यह उपाय अचानक आने वाले संकटों और धन हानि को तुरंत बांध देता है।
Comment Box में अपनी राशि लिखकर 'जय बजरंगबली' जरूर लिखें, संकटमोचन हनुमान जी आपके धन और परिवार की हर अनिष्टकारी संकट से रक्षा करें!
अस्वीकरण: इस लेख में दी गई जानकारी वैदिक पंचांग, गोचर गणनाओं और सामान्य ज्योतिषीय सिद्धांतों पर आधारित है। व्यक्तिगत परिणाम आपकी जन्मकुंडली की महादशा, अंतर्दशा और ग्रहों की वास्तविक स्थिति के अनुसार भिन्न हो सकते हैं।
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