शौर्य नाम था उसका और पत्नी का नाम था शिल्पी दोनों बहुत ही प्यारे थे कुछ ही समय हुआ था शादी को, एक रात अचानक किसी ने जोर से हमारा दरवाजा खटखटाया मैंने पूछा तो बोला भाभी जी शौर्य हूँ शिल्पी की तबियत बिगड गयी है, कोई डा. हो तो बताइये मै उनके घर गयी सचमुच तबियत बहुत खराब थी,
हम लोग पास ही एक अस्पताल में लेकर गये शौर्य ने जिद करके हमें घर भेज दिया वह शिल्पी के साथ अस्पताल में रूक गया,
अगले दिन मै अपने पति के साथ अस्पताल मिलने गयी तब शिल्पी कुछ ठीक थी, हमने अस्पताल से छुटटी के लिए पूछा तो उसने कुछ जवाब नहीं दिया तभी शौर्य वहाँ आ गया!
हमने उससे भी शिल्पी की तबियत व छुट्टी के लिए पूछा पहले तो वह टालता रहा फिर उसनें जो बताया उसको सुनकर हमारी नजरो मे उसके लिए सम्मान बहुत बढ गया,
उसने बताया कि उसका और शिल्पी का विवाह किसी रिश्तेदार ने कराया था तो घरवालों ने कुछ ज्यादा जांच पडताल नहीं की विवाह के कुछ समय बाद एक दिन शिल्पी को दर्द होने लगा, जब डा. को दिखाया तो उसने बताया कि शिल्पी की एक किडनी बिल्कुल ही खराब हो चुकी है जिसे जल्दी बदलवाना पडेगा तो सभी लोग चौंक गए, जब शिल्पी से पूछा गया तो उसने कहा कि हमने तो आपके रिशतेदार को पहले ही सब कुछ सपष्ट बता दिया था,
अब शौर्य के घरवाले अड गए कि वो पंचायत बुलाएँगे उनके साथ धोखा हुआ है और शिल्पी के घरवाले भी गलती मानने को तैयार नहीं थे,
शौर्य ने सबको बहुत समझाया कि अब जो हो गया उसे छोडो हम आगे कुछ सोचते हैं लेकिन कोई भी नहीं माना तो वह शिल्पी को लेकर यहाँ आ गया, यह बताते बताते शौर्य की आंखों में आंसू आ गये...,.
हमने पूछा फिर अब क्या करना है तो उसने बताया कि सब तैयारी हो चुकी है मै अपनी एक किडनी शिल्पी को दे रहा हूँ, यह सुनकर हमारी आंखों में आंसू आ गये!
पुरुष तो ऐसे भी होते हैं
Post a Comment