राजधानी दिल्ली के बवाना (Bawana) इलाके में बने राजीव रतन आवास योजना (Rajiv Ratan Awas Yojna) के कई फ्लैट शुक्रवार दोपहर भरभरा कर गिर गए. हादसे के बाद मलबे में दबे 2 लोगों को रेस्क्यू कर बचा लिया गया है और उन्हें इलाज के लिए भेजा गया है. अब भी कुछ लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई जा रही है. घटनास्थल पर राहत बचाव कार्य जारी है.
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार दोपहर बाद 2:45 बजे नरेला थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि दिल्ली जल बोर्ड के पास एक बिल्डिंग ढह गई है, जिसमें 4-5 लोग और बच्चों के मलबे के नीचे दबे होने की आशंका है. थाना नरेला पुलिस जब मौके पर पहुंची तो पता चला कि यहां पर गिरे फ्लैट्स राजीव रतन आवास का हिस्सा हैं, जिसमें लगभग 300-400 फ्लैट हैं. पुलिस द्वारा तीन JCB और एक Hydra और दो एंबुलेंस की मदद से राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया गया.
रेस्क्यू टीम ने दो महिलाओं को सुरक्षित बचाया
डीसीपी आउटर-नॉर्थ डिस्ट्रिक्ट बृजेंद्र यादव ने बताया कि बवाना की जे.जे. कॉलोनी में एक पुरानी इमारत का एक हिस्सा गिरने से कम से कम छह लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका थी. छह लोगों में से तीन को निकाल लिया गया है। बचाव अभियान जारी है.
गुरुग्राम में छह मंजिली इमारत की छत का एक हिस्सा गिरा, दो महिलाओं की मौत
ऐसा की एक हादसा गुरुवार रात दिल्ली से सटे गुरुग्राम में भी देखने को मिला था, जहां एक पॉश सोसाइटी की बिल्डिंग का हिस्सा गिरने से दो महिलाओं की मौत हो गई थी. वहां पर अब भी राहत और बचाव कार्य चल रहे हैं. हरियाणा ने मामले की जांच शुरू कर दी है.
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